MSHBMSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
Reading: Janmashtami 2025 8 वर्ष बाद जयंती योग में जन्माष्टमी
Share
Notification Show More
MSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
© 2024 MSHB.in. All Rights Reserved.

Janmashtami 2025 8 वर्ष बाद जयंती योग में जन्माष्टमी

8 वर्ष बाद जयंती योग में जन्माष्टमी 2025 का शुभ मुहूर्त और संतान प्राप्ति के मंत्र जानें

Published July 2, 2026
Share
4 Min Read

जन्माष्टमी का पर्व भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। 2025 का यह पर्व विशेष है क्योंकि 8 वर्षों के बाद जयंती योग में यह त्योहार पड़ रहा है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जयंती योग में मनाई गई जन्माष्टमी का पुण्यफल कई गुना बढ़ जाता है। इस वर्ष भक्तों को भगवान कृष्ण की कृपा प्राप्त करने का अद्भुत अवसर मिलेगा।

Contents
जन्माष्टमी 2025: तिथि और शुभ मुहूर्तव्रत विधि और पूजा संकल्पजयंती योग का विशेष महत्वसंतान प्राप्ति के लिए विशेष मंत्र और उपाय1. गर्भ संस्कार मंत्र2. संतान गोपाल मंत्रविशेष उपाय:जन्माष्टमी पूजा विधिजन्माष्टमी पर करें ये 5 विशेष कार्यनिष्कर्ष: कृष्ण कृपा का अवसर

जन्माष्टमी 2025: तिथि और शुभ मुहूर्त

2025 में जन्माष्टमी 23 अगस्त को मनाई जाएगी। निशिथ पूजा का समय निम्नलिखित है:

  • निशिथ काल: 11:59 PM (23 अगस्त) से 12:48 AM (24 अगस्त) तक
  • पारण समय: 24 अगस्त को सुबह 6:15 AM के बाद
  • रोहिणी नक्षत्र: 23 अगस्त को सुबह 9:17 AM से 24 अगस्त को सुबह 10:42 AM तक

व्रत विधि और पूजा संकल्प

जन्माष्टमी का व्रत रखने वाले भक्तों को यह संकल्प लेना चाहिए:

“मम सर्वपापक्षयपूर्वक श्रीकृष्णप्रीत्यर्थं जन्माष्टमीव्रतमहं करिष्ये।”

अर्थ: “मेरे सभी पापों का नाश करते हुए, श्रीकृष्ण की प्रसन्नता के लिए मैं जन्माष्टमी का व्रत करता/करती हूँ।”

जयंती योग का विशेष महत्व

ज्योतिष के अनुसार, जब जन्माष्टमी अष्टमी तिथि, रोहिणी नक्षत्र और वृषभ लग्न में पड़ती है, तो इसे जयंती योग कहते हैं। यह योग 8 वर्ष बाद बन रहा है और इसका महत्व इस प्रकार है:

  • भगवान कृष्ण का जन्म ठीक इन्हीं योगों में हुआ था
  • इस दिन किए गए पूजन-अनुष्ठान का फल 100 गुना मिलता है
  • संतान प्राप्ति की कामना करने वाले दंपत्तियों के लिए यह सर्वोत्तम समय है

संतान प्राप्ति के लिए विशेष मंत्र और उपाय

जो दंपत्ति संतान प्राप्ति की कामना करते हैं, उनके लिए जन्माष्टमी का यह पावन अवसर विशेष फलदायी है। निम्नलिखित मंत्रों का जाप करें:

1. गर्भ संस्कार मंत्र

“ॐ देवकीसुत गोविन्द वासुदेव जगत्पते।
देहि मे तनयं कृष्ण त्वामहं शरणं गतः॥”

2. संतान गोपाल मंत्र

“ॐ क्लीं कृष्णाय गोविन्दाय गोपीजन वल्लभाय स्वाहा।”

विशेष उपाय:

  • जन्माष्टमी की रात्री में घी का दीपक जलाकर भगवान कृष्ण की आरती करें
  • पूजा में माखन-मिश्री का भोग लगाएं और बाद में प्रसाद के रूप में ग्रहण करें
  • जन्माष्टमी के दिन बाल गोपाल की मूर्ति को पालने में झुलाएं

जन्माष्टमी पूजा विधि

जन्माष्टमी की पूजा करने की सरल विधि:

  1. स्नानादि से निवृत्त होकर स्वच्छ वस्त्र धारण करें
  2. पूजा स्थल को गंगाजल से शुद्ध करें
  3. कलश स्थापना करें और षोडशोपचार पूजन करें
  4. भगवान कृष्ण की मूर्ति या चित्र को स्थापित करें
  5. पंचामृत से अभिषेक करें
  6. नए वस्त्र, फूल, चंदन आदि अर्पित करें
  7. माखन-मिश्री, फल आदि का भोग लगाएं
  8. निशिथ काल में आरती करें और मंत्रों का जाप करें

जन्माष्टमी पर करें ये 5 विशेष कार्य

2025 की जन्माष्टमी पर इन पांच कार्यों को अवश्य करें:

  • मध्यरात्रि पूजन: भगवान कृष्ण का जन्म मध्यरात्रि में हुआ था, अतः इस समय विशेष पूजा करें
  • दान का महत्व: इस दिन पीले वस्त्र, अनाज या दक्षिणा का दान करें
  • भजन-कीर्तन: “हरे कृष्ण हरे राम” मंत्र का जाप करें या भजन गाएं
  • उपवास: पूरे दिन उपवास रखकर रात्रि पूजन के बाद ही भोजन ग्रहण करें
  • गीता पाठ: यदि संभव हो तो श्रीमद्भगवद्गीता का पाठ करें

निष्कर्ष: कृष्ण कृपा का अवसर

2025 की जन्माष्टमी जयंती योग में मनाई जा रही है जो एक दुर्लभ संयोग है। इस पावन अवसर पर भगवान कृष्ण की भक्ति पूरे मन से करें। संतान प्राप्ति की कामना करने वाले दंपत्ति विशेष मंत्रों का जाप करें और व्रत-पूजन का पूर्ण विधि-विधान से पालन करें। श्रीकृष्ण की कृपा से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होंगी।

आप सभी को जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं! हरे कृष्ण, हरे राम!

You Might Also Like

Religion: अध्यात्म के बिना मानव जीवन अधूरा

Navratri Day 3 Chandraghanta Devi Puja Ka Rahasya

Jai Dev Jai Dev Jai Mangal Murti Lyrics जयदेव जयदेव जय मंगलमूर्ति

Ganga Saptami 2025 मां गंगा स्तोत्रम पाठ से पाप मुक्ति

Shabari Jayanti 2025: शबरी ने पशु बलि के खिलाफ बड़ा कदम उठाया

Share

Latest News

Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
Religion Spirituality July 2, 2026
राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
Religion Spirituality July 2, 2026
Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
Religion Spirituality July 2, 2026
Durga Puja 2025 आज से शुरू जानें कल्पारंभ पूजा का शुभ मुहूर्त
Religion Spirituality July 2, 2026

You Might also Like

हनुमानजी गुस्से में क्यों हैं तस्वीर बनाने वाला कौन

July 2, 2026

केदारनाथ दर्शन का फल इनके दर्शन से भी मिलता है

July 2, 2026

श्रावणी पर्व: धरती पर जीवन जागा

July 2, 2026
MshbMshb

MSHB.in is your reliable source for the latest news in Government Schemes, Sarkari Yojana, Govt Jobs, Spirituality, lifestyle, and more.

Quick Link

  • MSHB.IN
  • About Us
  • Blogs
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • My Bookmarks
  • Contact Us

Category

  • Religion
  • Latest News
  • Sarkari Yojana

Recent Post

  • Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
  • राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
  • Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
© 2025 MSHB. All Rights Reserved. | Website Designed By Dinox Tech HTML sitemap
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?