MSHBMSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
Reading: Mahashivratri 2025: महाशिवरात्रि पूजा का महत्व और विधि
Share
Notification Show More
MSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
© 2024 MSHB.in. All Rights Reserved.

Mahashivratri 2025: महाशिवरात्रि पूजा का महत्व और विधि

महाशिवरात्रि 2025 पर चार प्रहर की पूजा का महत्व जानें और शिव पूजा का सही तरीका सीखें। इस पवित्र दिन पर भोलेनाथ की कृपा पाने के लिए पूर्ण मार्गदर्शन प्राप्त करें।

Published July 2, 2026
Share
4 Min Read

महाशिवरात्रि 2025: चार प्रहर की पूजा का महत्व और शिव आराधना की सम्पूर्ण विधि

महाशिवरात्रि, भगवान शिव का सबसे पवित्र पर्व, सनातन धर्म में विशेष आस्था और उल्लास के साथ मनाया जाता है। यह वह रात्रि है जब शिव और शक्ति का मिलन हुआ था तथा जगत के पालनहार ने समुद्र मंथन से निकले विष का पान किया था। 2025 की महाशिवरात्रि में चार प्रहर की पूजा का विधान और शिवलिंग की सही आराधना करने से भक्तों को मोक्ष की प्राप्ति होती है। आइए जानते हैं इस पावन पर्व की गहराई और पूजन विधि।

Contents
महाशिवरात्रि 2025: चार प्रहर की पूजा का महत्व और शिव आराधना की सम्पूर्ण विधिमहाशिवरात्रि क्यों मनाई जाती है?चार प्रहर पूजा का महत्वपहला प्रहर: शिव की महिमा और आवाहनदूसरा प्रहर: शिव तांडव और संहार शक्तितीसरा प्रहर: शिव-पार्वती विवाहचौथा प्रहर: शिव की कृपा और मोक्षशिव पूजा की सम्पूर्ण विधिपूजा से पहले की तैयारीमहाशिवरात्रि विशेष पूजन विधिपूजा के बादमहाशिवरात्रि 2025 की विशेष बातेंनिष्कर्ष

महाशिवरात्रि क्यों मनाई जाती है?

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इसी रात भगवान शिव ने तांडव नृत्य किया था और सृष्टि का संचालन शुरू किया था। एक अन्य कथा के अनुसार, इस दिन शिवलिंग के रूप में शिव प्रकट हुए थे। चार प्रहर (रात के 3 घंटे के चार भाग) की पूजा इसलिए की जाती है क्योंकि यह शिव के विभिन्न रूपों की आराधना का प्रतीक है।

चार प्रहर पूजा का महत्व

महाशिवरात्रि की रात्रि को चार प्रहर में विभाजित किया जाता है, जिनमें से प्रत्येक का अपना अलग महत्व है:

पहला प्रहर: शिव की महिमा और आवाहन

  • समय: सूर्यास्त से रात 9 बजे तक
  • मंत्र: “ॐ नमः शिवाय” का जाप
  • पूजन सामग्री: दूध, बेलपत्र, धतूरा, अकुआ के फूल
  • महत्व: इस प्रहर में शिव के सृजनात्मक स्वरूप की पूजा की जाती है।

दूसरा प्रहर: शिव तांडव और संहार शक्ति

  • समय: रात 9 बजे से 12 बजे तक
  • मंत्र: “ॐ हौं जूं सः” (महामृत्युंजय मंत्र)
  • पूजन सामग्री: भांग, दही, शहद
  • महत्व: इस चरण में शिव की संहारक शक्ति की आराधना होती है।

तीसरा प्रहर: शिव-पार्वती विवाह

  • समय: 12 बजे से 3 बजे तक
  • मंत्र: “ॐ उमा सहिताय नमः”
  • पूजन सामग्री: कुमकुम, हल्दी, चावल
  • महत्व: इस प्रहर में शिव-पार्वती के मिलन का स्मरण किया जाता है।

चौथा प्रहर: शिव की कृपा और मोक्ष

  • समय: 3 बजे से सूर्योदय तक
  • मंत्र: “ॐ त्र्यम्बकं यजामहे”
  • पूजन सामग्री: जल, तुलसी, आंकड़े के फूल
  • महत्व: अंतिम प्रहर में शिव की करुणा और मोक्ष प्रदान करने वाले स्वरूप की पूजा की जाती है।

शिव पूजा की सम्पूर्ण विधि

महाशिवरात्रि पर शिवलिंग की पूजा करते समय इन बातों का ध्यान रखें:

पूजा से पहले की तैयारी

  • स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें
  • पूजा स्थल को गंगाजल से शुद्ध करें
  • शिवलिंग को स्थापित कर उस पर पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, शक्कर) चढ़ाएं

महाशिवरात्रि विशेष पूजन विधि

  • शिवलिंग पर बिल्व पत्र अर्पित करते हुए मंत्र पढ़ें
  • रुद्राक्ष की माला से जाप करें
  • प्रत्येक प्रहर में अलग-अलग नैवेद्य (भोग) अर्पित करें
  • रात्रि जागरण कर शिव तांडव स्तोत्र का पाठ करें

पूजा के बाद

  • आरती के बाद प्रसाद वितरण करें
  • ब्राह्मणों या जरूरतमंदों को दान दें
  • अगले दिन सुबह शिव पार्वती की कथा सुनें

महाशिवरात्रि 2025 की विशेष बातें

2025 में महाशिवरात्रि 26 फरवरी को मनाई जाएगी। इस वर्ष का विशेष संयोग:

  • रात्रि में चन्द्रमा का उच्च स्थान
  • पूजा के समय राहुकाल का अभाव
  • शुभ मुहूर्त: रात 8:30 से सुबह 5:30 तक

निष्कर्ष

महाशिवरात्रि केवल एक पर्व नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि और आध्यात्मिक उन्नति का सुनहरा अवसर है। चार प्रहर की पूजा से मनुष्य जीवन के चार पुरुषार्थ – धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष की प्राप्ति करता है। 2025 में इस पावन पर्व पर शिव की विधिवत आराधना कर आप उनकी असीम कृपा प्राप्त कर सकते हैं। हर हर महादेव!

You Might Also Like

Religion: अध्यात्म के बिना मानव जीवन अधूरा

Navratri Day 3 Chandraghanta Devi Puja Ka Rahasya

Jai Dev Jai Dev Jai Mangal Murti Lyrics जयदेव जयदेव जय मंगलमूर्ति

Ganga Saptami 2025 मां गंगा स्तोत्रम पाठ से पाप मुक्ति

Shabari Jayanti 2025: शबरी ने पशु बलि के खिलाफ बड़ा कदम उठाया

Share

Latest News

Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
Religion Spirituality July 2, 2026
राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
Religion Spirituality July 2, 2026
Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
Religion Spirituality July 2, 2026
Durga Puja 2025 आज से शुरू जानें कल्पारंभ पूजा का शुभ मुहूर्त
Religion Spirituality July 2, 2026

You Might also Like

Mauni Amavasya 2025: मौनी अमावस्या महत्व कथा शुभ मुहूर्त

July 2, 2026

कालरात्रि और मां काली में समानता क्या है? | Similarity Between Kalaratri and Maa Kali

July 2, 2026

Pitru Paksha 2025: पंडित न हो तो पिंडदान कैसे करें? जानें नियम

July 2, 2026
MshbMshb

MSHB.in is your reliable source for the latest news in Government Schemes, Sarkari Yojana, Govt Jobs, Spirituality, lifestyle, and more.

Quick Link

  • MSHB.IN
  • About Us
  • Blogs
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • My Bookmarks
  • Contact Us

Category

  • Religion
  • Latest News
  • Sarkari Yojana

Recent Post

  • Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
  • राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
  • Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
© 2025 MSHB. All Rights Reserved. | Website Designed By Dinox Tech HTML sitemap
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?