MSHBMSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
Reading: Navratri Aarti Maa Siddhidatri Ki Is Aarti Se Hoti Hai Bhakton Ki Murad Puri
Share
Notification Show More
MSHBMSHB
  • MSHB.IN
  • Latest News
  • Sarkari Yojana
© 2024 MSHB.in. All Rights Reserved.

Navratri Aarti Maa Siddhidatri Ki Is Aarti Se Hoti Hai Bhakton Ki Murad Puri

मां सिद्धिदात्री की नवरात्रि आरती से पूरी होगी आपकी हर मनोकामना। जानिए इस पावन आरती के मंत्र, महत्व और पूजा विधि जो दिलाएगी सिद्धि और समृद्धि।

Published July 2, 2026
Share
4 Min Read

नवरात्रि आरती: मां सिद्धिदात्री की इस आरती से होती है भक्तों की मुराद पूरी

नवरात्रि के नौवें दिन मां दुर्गा के नौवें स्वरूप मां सिद्धिदात्री की पूजा-आराधना की जाती है। यह दिन भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है, क्योंकि ऐसी मान्यता है कि मां सिद्धिदात्री की आरती एवं भक्ति से साधक को सभी प्रकार की सिद्धियाँ प्राप्त होती हैं। इस लेख में हम मां सिद्धिदात्री की आरती, उसके महत्व और पूजा विधि के बारे में विस्तार से जानेंगे।

Contents
नवरात्रि आरती: मां सिद्धिदात्री की इस आरती से होती है भक्तों की मुराद पूरीमां सिद्धिदात्री: नवदुर्गा का नौवां स्वरूपमां सिद्धिदात्री आरती का महत्वमां सिद्धिदात्री आरती (पूर्ण पाठ)मां सिद्धिदात्री आरती की विधिपूजा सामग्रीआरती विधिमां सिद्धिदात्री आरती के लाभविशेष सुझावनिष्कर्ष

मां सिद्धिदात्री: नवदुर्गा का नौवां स्वरूप

मां सिद्धिदात्री को समस्त सिद्धियों की दात्री माना जाता है। इनकी कृपा से भक्तों की हर मनोकामना पूर्ण होती है। नवरात्रि के अंतिम दिन इनकी आराधना करने से भक्त को आध्यात्मिक और सांसारिक सुखों की प्राप्ति होती है।

  • वाहन: कमल या सिंह
  • शस्त्र: गदा, चक्र, कमल और शंख
  • मंत्र: “ॐ ह्रीं क्लीं सिद्धिदात्र्यै नमः”

मां सिद्धिदात्री आरती का महत्व

नवरात्रि के नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की आरती करने से भक्तों के जीवन से सभी बाधाएं दूर होती हैं। यह आरती:

  • मनोवांछित फल प्रदान करती है
  • आत्मिक शांति और आनंद देती है
  • जीवन में सफलता के द्वार खोलती है
  • नकारात्मक ऊर्जा को दूर करती है

मां सिद्धिदात्री आरती (पूर्ण पाठ)

जय सिद्धिदात्री माता, मैया जय सिद्धिदात्री माता।
अष्ट सिद्धि नौ निधि के दाता, उपर से तेरी सब रीझ रही माता॥

जो कोई तेरी आरती गावे, जनम सफल धन पावे।
सुख सम्पत्ति घर आवे, कष्ट मिटे तेरे द्वारा माता॥

तेरी पूजा जो प्रेम से करे, सो नर तर जाय अवश्य ही।
दुःख दारिद्र सब नष्ट होवे, सुख संपत्ति होय जिसकी॥

माता रूप धर्यो है शिव की, महिमा किसी न जानी।
त्रिकाल दर्शन तेरे पावन, धन्य-धन्य वेद पुराणी॥

सिद्धिदात्री जय जय मैया, सिद्धिदात्री जय जय मैया।
भक्तन की सुन लीजो माता, सुख समृद्धि दीजो मैया॥

मां सिद्धिदात्री आरती की विधि

आरती करने का सही तरीका जानकर आप इसका पूर्ण लाभ उठा सकते हैं:

पूजा सामग्री

  • लाल या पीले रंग का आसन
  • घी का दीपक
  • फूल, अक्षत और रोली
  • नैवेद्य (फल, मिठाई)
  • धूप और कपूर

आरती विधि

  1. सुबह स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें
  2. पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके बैठें
  3. मां सिद्धिदात्री की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें
  4. दीपक जलाकर आरती प्रारंभ करें
  5. पूर्ण श्रद्धा से आरती गाएं
  6. अंत में मां को फूल और अक्षत अर्पित करें

मां सिद्धिदात्री आरती के लाभ

नियमित रूप से इस आरती का पाठ करने वाले भक्तों को निम्नलिखित लाभ प्राप्त होते हैं:

  • सिद्धि प्राप्ति: आध्यात्मिक और भौतिक सिद्धियों की प्राप्ति
  • कष्ट निवारण: जीवन के सभी संकटों से मुक्ति
  • मनोकामना पूर्ति: हर इच्छा की पूर्ति
  • निरोगी काया: स्वास्थ्य लाभ और दीर्घायु
  • आत्मज्ञान: मोक्ष प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त होना

विशेष सुझाव

नवरात्रि के नौवें दिन इस आरती का पाठ विशेष फलदायी माना जाता है। यदि संभव हो तो:

  • पूरे नवरात्रि व्रत रखकर आरती करें
  • आरती के बाद मां को हलवे का भोग लगाएं
  • कन्याओं को भोजन कराकर दक्षिणा दें
  • मंत्र जप के साथ आरती का संयोजन करें

निष्कर्ष

मां सिद्धिदात्री की आरती भक्तों के लिए कल्याणकारी और मनोकामना पूर्ण करने वाली है। नवरात्रि के इस पावन अवसर पर पूर्ण श्रद्धा से की गई आराधना से मां प्रसन्न होकर अपने भक्तों को सभी सिद्धियाँ प्रदान करती हैं। यह आरती न केवल भौतिक सुख देती है, बल्कि आत्मिक उन्नति का मार्ग भी प्रशस्त करती है।

आइए, हम सभी मिलकर मां सिद्धिदात्री की इस पावन आरती को पूर्ण भक्ति भाव से गाएं और उनकी कृपा प्राप्त करें। जय माता दी!

You Might Also Like

Navratri 2025 राशि अनुसार मंत्रों से मां की आराधना सफलता पाएं

जब द्रौपदी और भीम ने युधिष्ठिर का अपमान किया When Draupadi and Bhim Insulted Yudhishthir

Kabirdas Jayanti 2025 Date कबीर दास जयंती तिथि और जीवन तथ्य

Shattila Ekadashi 2025 षटतिला एकादशी व्रत शुभ मुहूर्त पूजा विधि पारण समय

Magh Purnima 2025: माघ पूर्णिमा महत्व और पूजा विधि

Share

Latest News

Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
Religion Spirituality July 2, 2026
राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
Religion Spirituality July 2, 2026
Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
Religion Spirituality July 2, 2026
Durga Puja 2025 आज से शुरू जानें कल्पारंभ पूजा का शुभ मुहूर्त
Religion Spirituality July 2, 2026

You Might also Like

हनुमानजी गुस्से में क्यों हैं तस्वीर बनाने वाला कौन

July 2, 2026

केदारनाथ दर्शन का फल इनके दर्शन से भी मिलता है

July 2, 2026

श्रावणी पर्व: धरती पर जीवन जागा

July 2, 2026
MshbMshb

MSHB.in is your reliable source for the latest news in Government Schemes, Sarkari Yojana, Govt Jobs, Spirituality, lifestyle, and more.

Quick Link

  • MSHB.IN
  • About Us
  • Blogs
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • My Bookmarks
  • Contact Us

Category

  • Religion
  • Latest News
  • Sarkari Yojana

Recent Post

  • Hanuman Chalisa: हनुमान चालीसा पाठ का सही समय और विधि
  • राधा कृष्णा का युगल रूप हैं बांके बिहारी
  • Kheer Bhawani Temple: कश्मीर के चमत्कारी खीर भवानी मंदिर की परंपराएं
© 2025 MSHB. All Rights Reserved. | Website Designed By Dinox Tech HTML sitemap
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?