शरद पूर्णिमा: आज की रात है खास, माता लक्ष्मी पधार सकती हैं आपके घर
शरद पूर्णिमा का पावन पर्व हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखता है। यह रात्रि चंद्रमा की पूर्ण किरणों से सराबोर होती है और मान्यता है कि इस दिन माता लक्ष्मी धरती पर विचरण करती हैं। अगर आप कुछ खास उपाय करें, तो धन-समृद्धि की देवी आपके घर भी पधार सकती हैं। आइए जानते हैं इस पवित्र रात्रि की महिमा और आसान उपायों के बारे में।
शरद पूर्णिमा का धार्मिक महत्व
शरद ऋतु की इस पूर्णिमा को कोजागरी पूर्णिमा भी कहते हैं। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस रात चंद्रमा अमृत वर्षा करता है और माता लक्ष्मी अपने भक्तों के घरों में जाकर उनकी परीक्षा लेती हैं।
- इस दिन भगवान कृष्ण ने महारास लीला की थी
- चंद्रमा की किरणों में औषधीय गुण होते हैं
- माता लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त होती है
माता लक्ष्मी को प्रसन्न करने के उपाय
1. घर की सफाई एवं दीप प्रज्वलन
सबसे पहले घर को पवित्र करें। गंगाजल छिड़ककर शुद्धिकरण करें और 11 दीपक जलाएं। दीपक घर के मुख्य द्वार, पूजा स्थल और तुलसी के पास अवश्य रखें।
2. खीर का भोग
चावल की खीर बनाकर चंद्रमा की रोशनी में रखें। मान्यता है कि इस रात चंद्रकिरणें खीर को अमृत में बदल देती हैं। प्रसाद ग्रहण करने से स्वास्थ्य लाभ होता है।
3. लक्ष्मी मंत्र का जाप
इस मंत्र का 108 बार जाप करें:
“ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्मयै नमः”
शरद पूर्णिमा की विशेष पूजा विधि
- स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें
- चांदी के पात्र में जल भरकर चंद्रमा को अर्घ्य दें
- लक्ष्मी यंत्र पर हल्दी-कुमकुम से स्वस्तिक बनाएं
- माता लक्ष्मी को सफेद फूल अर्पित करें
इन बातों का रखें विशेष ध्यान
इस पावन रात्रि में कुछ सावधानियां बरतना आवश्यक है:
- क्रोध या झगड़े से बचें
- मांस-मदिरा का सेवन न करें
- दान-पुण्य अवश्य करें
- रात्रि जागरण करके भजन-कीर्तन करें
निष्कर्ष
शरद पूर्णिमा की यह पवित्र रात्रि आध्यात्मिक और भौतिक समृद्धि दोनों प्रदान करने वाली है। माता लक्ष्मी की कृपा पाने के लिए श्रद्धा भाव से इन उपायों को करें। याद रखें, सच्ची भक्ति और पवित्र मन ही देवी को प्रसन्न कर सकता है। इस पूर्णिमा पर आपके घर में धन-धान्य की वर्षा हो, यही कामना है!
